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29, Sep 2025
🌸 माँ सिद्धिदात्री – नवरात्रि नवमी की देवी 🌸

नवरात्रि का नवां दिन माँ सिद्धिदात्री को समर्पित होता है। ये माँ दुर्गा का अंतिम स्वरूप मानी जाती हैं। “सिद्धिदात्री” का अर्थ है – सिद्धियाँ देने वाली देवी। माँ सिद्धिदात्री अपने भक्तों को आठों प्रकार की सिद्धियाँ प्रदान करती हैं और जीवन में सुख, शांति तथा समृद्धि का आशीर्वाद देती…

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28, Sep 2025
माँ महागौरी: नवदुर्गा की आठवीं शक्ति नवरात्रि के आठवें दिन की देवी – मां महागौरी 🌸

नवरात्रि के आठवें दिन माँ महागौरी की पूजा की जाती है। माँ का स्वरूप अत्यंत श्वेत, कोमल और दिव्य माना जाता है। महागौरी जी का वर्ण चंद्रमा और शंख की भाँति उज्ज्वल है। वे श्वेत वस्त्र धारण करती हैं और सिंह पर सवार रहती हैं। माँ महागौरी के चार भुजाएँ…

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27, Sep 2025
काल से जो रक्षा करे वो माता कालरात्रि : नवरात्रि के सातवें दिन की आराध्या देवी

मां कालरात्रि को नवरात्रि के सातवें दिन पूजा जाता है। ये देवी दुर्गा का सातवाँ स्वरूप हैं और अंधकार व नकारात्मक शक्तियों का नाश करने वाली शक्ति के रूप में जानी जाती हैं। मां कालरात्रि का नाम सुनते ही मन में भय का भाव उत्पन्न होता है, लेकिन भक्तों के…

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26, Sep 2025
ढिंगू माता मंदिर संजौली – शिमला का प्राचीन धार्मिक स्थल

हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला अपनी प्राकृतिक सुंदरता, धार्मिक मान्यताओं और आध्यात्मिक स्थलों के लिए प्रसिद्ध है। यहाँ स्थित ढिंगू माता मंदिर संजौली (Dhingu Mata Mandir Sanjauli) भक्तों के लिए आस्था का केंद्र माना जाता है। यह मंदिर माँ दुर्गा के शक्तिरूप को समर्पित है और हर साल हजारों श्रद्धालु…

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26, Sep 2025
मां कात्यायनी: ऋषि कात्यायन की तपस्या का प्रसाद/छठे दिन की पूजा का महत्व/मां कात्यायनी

नवरात्रि के छठे दिन मां कात्यायनी की पूजा-अर्चना की जाती है। मां दुर्गा का यह छठा रूप अत्यंत शक्तिशाली और करुणामयी माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ऋषि कात्यायन की तपस्या से प्रसन्न होकर मां दुर्गा ने उनके घर पुत्री के रूप में जन्म लिया और उन्हें कात्यायनी कहा…

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25, Sep 2025
माँ बगलामुखी – संकट नाशिनी और विजय प्रदायिनी

माँ बगलामुखी हिंदू धर्म की दस महाविद्याओं में आठवीं विद्या मानी जाती हैं। इन्हें संकटों को दूर करने वाली और शत्रुओं का नाश करने वाली देवी के रूप में पूजा जाता है। “बगलामुखी” का अर्थ है – वाणी और शत्रुओं को स्थिर कर देना। माँ की कृपा से साधक को…

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25, Sep 2025
माँ स्कन्दमाता – पंचम स्वरूप की आराधना

नवरात्रि के पाँचवे दिन माँ स्कन्दमाता की पूजा की जाती है। माँ दुर्गा का यह स्वरूप भक्तों को शांति, सुख और समृद्धि प्रदान करता है। “स्कन्द” शब्द का अर्थ है भगवान कार्तिकेय और “माता” का अर्थ है उनकी जननी। अतः इन्हें भगवान कार्तिकेय की माता के रूप में पूजा जाता…

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24, Sep 2025
माँ ज्वाला जी मंदिर – शक्तिपीठ का अद्भुत चमत्कार जहां स्वयं जोत जलती है बिना किसी तेल घी के साक्षात जमीन से प्रकट होती हैं देवी ज्वाला

भारत को “देवभूमि” कहा जाता है क्योंकि यहाँ अनगिनत देवालय और पवित्र धाम स्थित हैं। इन्हीं में से एक है माँ ज्वाला जी मंदिर, जो हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में स्थित है। यह मंदिर हिंदू धर्म के 51 शक्तिपीठों में से एक प्रमुख शक्तिपीठ माना जाता है। माँ ज्वाला…

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24, Sep 2025
माँ कूष्माण्डा – सृष्टि की आदिशक्ति

नवरात्रि के चौथे दिन की आराध्य देवी हैं माँ कूष्माण्डा। उनके नाम का अर्थ है – कु यानी छोटा, उष्मा यानी ऊर्जा और अंड यानी ब्रह्मांड। माना जाता है कि माँ कूष्माण्डा ने अपनी दिव्य मुस्कान से पूरे ब्रह्मांड की रचना की थी, इसलिए उन्हें सृष्टि की जननी कहा जाता…

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23, Sep 2025
SHIMLA : A Complete Travel Guide to the Queen of Hills

Shimla, the capital of Himachal Pradesh, is one of the most famous hill stations in India. Known as the Queen of Hills, Shimla attracts thousands of tourists every year with its pleasant climate, snow-clad mountains, and colonial architecture. Nestled at an altitude of 2,200 meters, Shimla is a perfect destination…